इस सप्ताह किसी भी बच्चे को नया एडमिशन नही दिया गया है क्योंकि बात डोनेशन पर अटक गई. और बिना डोनेशन के रामप्यारी मैम के स्कूल मे एडमिशन? भूल जाईये.
रामप्यारी मैम क्लास मे आती है. बच्चे गुड आफ़्टर नून करते हैं. और अब क्लास शुरु होरही है.
रामप्यारी मैम – हां तो बच्चों, होमवर्क किया?
सबने हाथ उपर ऊठा दिया..यस मैम..यस मैम…
रामप्यारी मैम- यस..यू..अक्षयांशी….
अक्षयांशी : यस मैम…आपने पूछा था कि गया गया गया… सो इट्स वैरी सिंपल…gaya went to gayaa.
रामप्यारी मैम : ओह..हाऊ ब्रिलियंट यू आर? कैसे साल्व किया तुमने?
अक्षयांशी – वो मैम मेरी दादीजी कहती हैं कि मेरा दिमाग बहुत तेज है ना..शायद इसीलिये साल्व होगया होगा…और इसीलिये मैं छिपकली से भी नही डरती…
रामप्यारी मैम : वैरीगुड..माई चाईल्ड….कीप इट अप..अब छिपक्ली को पकड मत लेना कहीं…ओके.
रामप्यारी मैम – हां आदि तुम इस बार भी तो कोई कछुआ वछुआ नही ऊठा लाये?
आदि – नो मैम..मैं तो सिर्फ़ आजकल कार के पीछे ही लगा हूं.
रामप्यारी मैम – व्हाट डू यू मीन आदि?
आदि – मैम मुझे मेरे पापा ने नैनो कार खरीद दी है..तो मैं उसको ही चलाता रहता हूं. और आज तो स्कूल भी उसी मे बैठ कर आया हूं?
रामप्यारी – ओह वैरी गुड..तो ये बताओ कि जब चढाई चढनी हो और बीच चढाई मे आगे का ट्रेफ़िक बंद हो तब क्या करोगे?
आदि – मैम ये तो पापा ने मुझे बताया ही नही? आप ही बता दिजिये.
रामप्यारी मैम – अरे इसमे क्या करना? वैरी सिंपल….कार से नीचे उतरो…पास मे पडा पत्थर ऊठाओ..कार के पिछले पहिये के पीछे वो पत्थर लगावो और गाडी आगे बढाओ..
आदि – मैम कुछ समझ मे नही आया…? वहां पत्थर कहां से आयेगा? फ़िर पीछे कार जायेगी?
रामप्यारी मैम – अरे आदि ..यह तो आज तक अच्छे अच्छों के समझ मे नही आया तो तुम्हारे क्या समझ आयेगा?
रामप्यारी मैम – हां तो नैना. नाऊ यू टेल मी… लास्ट क्लास मे हमने A to D पढा था. अब तुम E फ़ार बताओ? E फ़ार क्या होता है?
नैना – मैंम..वो…E फ़ार……E फ़ार…ओह यस याद आगया…E फ़ार..इल्लू इल्लू…
रामप्यारी – वैरी गुड नैना…वैरी स्मार्ट आंशर…सिट डाऊन प्लिज.
रामप्यारी मैम – हां लवि..अब तुम एक गणित के सवाल का जवाब दो.
लवि – यस मैम…मैथ्स इज माई फ़ेवरिट..आस्क मैम..
रामप्यारी – लवि ये बताओ कि तुम पांच मिनट में एक चाकलेट खा लेती हो तो साढे बारह मिनट में कितनी चाकलेट खाओगी?
इतनी देर मे चंगू खडा होकर बोला – मैं बताऊं मैम?
रामप्यारी – यस ..यस ..बताओ?
चंगू – मैम इस हिसाब से साढे बारह मिनट मे वो साढे दो चाकलेट खायेगी.
लवि तुरंत बोल पडी– मैंम आपका सवाल ही गलत है? और चंगू का जवाब तो उससे भी ज्यादा गलत है.
रामप्यारी मैम – व्हाट आर यू..सेईंग लवि? डू यू.. नो…
लवि – मैम आप पहले मेरी पूरी बात तो सुनिये..
रामप्यारी : ओके..टेल मी…व्हाट इज रोंग इन दिस क्वेशचन..एंड आंशर..?
लवि – मैम – बात ये है कि मेरी मम्मी मुझे ढाई तो क्या एक भी चाकलेट नही देगी तो मैं खाऊंगी कैसे?
रामप्यारी --- ओह लवि..यू आर रियल..ब्रिलिएयंट…यू आर करेक्ट….लोगों ने तुम्हारी मम्मी को भडका दिया होगा कि बच्चों को चाकलेट खिलाने से दांत खराब हो जाते हैं.
आदि : मैम..अब जल्दी से होमवर्क दे दिजिये..बरसात बहुत ज्यादा होने वाली है…मेरी नैनो..बरसात मे भीग जायेगी…मैं उसके पहले ही घर पहुंच जाऊं तो अच्छा है.और आज पापा गर्म जलेबी भी तो लाने वाले हैं.
रामप्यारी मैम : बच्चों..होमवर्क तुमको आज लठ्ठ वाले ताऊजी की साईट ताऊजी डाट काम की पहेली मे आज शाम को ६ बजे मिलेगा.
आदि – पर मैम वो ताऊजी तो पहेलियां पूछते हैं. वहां होमवर्क कैसे मिलेगा?
रामप्यारी मैम. – अरे आज की पहेली वहां तुम्हारे होमवर्क की ही होगी और उस होमवर्क को करने मे तुम्हारे मम्मी पापा तो क्या तुम्हारे डियर ग्रांड पा और ग्रांड माम भी खुशी खुशी लग जायेंगी. आज बहुत
मजेदार पहेली वहां पर होगी.
सभी बच्चे – ठीक है मैम ..हम आज शाम को ६ बजे ताऊजी डाट काम पर..मम्मी पापा के साथ होमवर्क का इंतजार करेंगे.
और पिरियड खत्म होने की बेल बज गई.
(रामप्यारी की क्लास में एडमिशन चालू हैं..आवेदन भेजिये )
मग्गाबाबा का चिठ्ठाश्रममिस.रामप्यारी का ब्लाग